पूर्व डीजीपी आर.के. मिश्रा ने थाने में किया शांतिपूर्ण विरोध, कहा — “प्रशासनिक ताकतों का दुरुपयोग लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा।”
6 नवम्बर 2025 , दरभंगा
जन सुराज पार्टी ने 83-दरभंगा शहरी विधानसभा क्षेत्र में हुए चुनावों को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी का कहना है कि पूरे क्षेत्र में बड़े पैमाने पर फर्जी मतदान, आचार संहिता का उल्लंघन और पुलिस प्रशासन की मिलीभगत से चुनाव प्रक्रिया को अनुचित रूप से प्रभावित किया गया।
पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व डीजीपी रैंक के अधिकारी श्री आर.के. मिश्रा ने इस कथित अनियमितता के विरोध में दरभंगा थाना परिसर में शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। उन्होंने प्रशासन की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए कहा कि पुलिस अगर एक सेवानिवृत्त डीजीपी के साथ भेदभावपूर्ण रवैया अपना सकती है, तो आम नागरिकों की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।
श्री मिश्रा ने आरोप लगाया कि लगातार शिकायतें करने के बावजूद चुनाव प्रेक्षक ने कोई कार्रवाई नहीं की, जिससे आचार संहिता का उल्लंघन खुलेआम होता रहा। उन्होंने कहा कि यह स्थिति लोकतंत्र की आत्मा पर गहरा प्रहार है।
जन सुराज पार्टी ने इस पूरे मामले को “लोकतंत्र का काला अध्याय” करार देते हुए भारत निर्वाचन आयोग से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। पार्टी ने अपनी चार प्रमुख मांगें रखी हैं —
- दोषी अधिकारियों को तत्काल निलंबित कर जांच की जाए।
- प्रभावित बूथों पर पुनर्मतदान कराया जाए।
- सभी मतदान केंद्रों की सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक की जाए।
- निर्वाचन आयोग निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करे।
श्री मिश्रा ने कहा — “यह केवल दरभंगा की नहीं, बल्कि देश के लोकतंत्र की साख से जुड़ी लड़ाई है। प्रशासनिक शक्ति का दुरुपयोग अगर इसी तरह जारी रहा, तो जनता का लोकतंत्र पर से विश्वास उठ जाएगा।”
जन सुराज पार्टी ने चेतावनी दी कि अगर इस मामले में निष्पक्ष कार्रवाई नहीं हुई, तो पार्टी राज्यभर में जन आंदोलन छेड़ेगी।
