ICMAI और MeitY के बीच साइबर सुरक्षा और DPDP Act जागरूकता को लेकर रणनीतिक MoU पर चर्चा
नई दिल्ली, 7 मई 2026:
द इंस्टीट्यूट ऑफ कॉस्ट अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICMAI) के केंद्रीय परिषद सदस्य (CCM) श्री मनोज कुमार आनंद ने आज इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) के अंतर्गत नेशनल ई-गवर्नेंस डिवीजन के निदेशक श्री जे. एल. गुप्ता और डायरेक्टर टेक्निकल श्री तरुण कुमार के साथ साइबर सुरक्षा और डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन (DPDP) Act को लेकर महत्वपूर्ण चर्चा की।
मीटिंग में साइबर सुरक्षा अनुपालन, डिजिटल गवर्नेंस और डेटा सुरक्षा के क्षेत्र में पेशेवरों तथा उद्योग से जुड़े हितधारकों के लिए जागरूकता बढ़ाने, प्रोफेशनल ट्रेनिंग और भविष्य में सहयोग को मजबूत करने पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
चर्चा के दौरान दोनों पक्षों ने ICMAI सदस्यों के हित में नॉलेज शेयरिंग कार्यक्रम, वर्कशॉप, सर्टिफिकेशन प्रोग्राम और क्षमता निर्माण गतिविधियों के माध्यम से उभरते डिजिटल नियमों और साइबर सुरक्षा फ्रेमवर्क पर साथ मिलकर काम करने की संभावनाओं पर चर्चा की।
इस पहल के तहत ICMAI और नेशनल ई-गवर्नेंस डिवीजन के बीच एक रणनीतिक समझौता ज्ञापन (MoU) किए जाने की संभावना है। इस प्रस्तावित MoU का उद्देश्य ICMAI सदस्यों की पेशेवर क्षमताओं को मजबूत करना और DPDP Act के प्रभावी क्रियान्वयन तथा साइबर सुरक्षा तैयारियों को लेकर व्यापक जागरूकता पैदा करना है।
इस अवसर पर ICMAI के CCM श्री मनोज कुमार आनंद ने कहा, “आज की डिजिटल अर्थव्यवस्था में साइबर सुरक्षा और डेटा संरक्षण बेहद महत्वपूर्ण विषय बन चुके हैं। MeitY और नेशनल ई-गवर्नेंस डिवीजन के साथ प्रस्तावित सहयोग ICMAI सदस्यों को DPDP Act और साइबर सुरक्षा से जुड़े नवीनतम ज्ञान, व्यावहारिक समझ और नियामकीय जानकारी उपलब्ध कराने में मदद करेगा। यह पहल पेशेवरों के लिए डिजिटल गवर्नेंस के विकसित होते क्षेत्र में नई संभावनाएं भी तैयार करेगी।”
प्रस्तावित सहयोग से पेशेवरों को भारत के तेजी से बदलते डिजिटल और नियामकीय वातावरण के अनुरूप खुद को तैयार करने में सहायता मिलेगी। साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में सुरक्षित और जिम्मेदार डेटा प्रबंधन को बढ़ावा देने की दिशा में भी यह पहल महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
